कितनो ने किया है अब तक सच का सामना
सच जो की कड़वा हो सुनने मैं बुरा हो
सच का सामना इतना आसान नहीं
क्यों की जो दिखता है वो सच नहीं
सच तो चुप है जो किसी से बोलता नहीं
सच की चुप्पी ऐसी है की जैसे कुछ हो ही नहीं
सच अनंत आकाश मैं फैला हुआ है
बस दिल से उसे देखो और अपना लो
अक्टूबर 29, 2010
सच का सामना
2s टिप्पणियाँ »
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hmmm… chaliye, ham bhi dekh kar, pahdkar chup ho jaate ehai…
Comment by POOJA — अक्टूबर 29, 2010 @ 7:27 पूर्वाह्न |
पूजा जी जैसी आप की मर्जी …
Comment by ratnakarmishra — अक्टूबर 30, 2010 @ 2:29 अपराह्न |